गूगल कॉन्टैक्ट्स का फायदा
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स्मार्टफोन के प्रचलन के चलते लोग स्मार्टफोन खरीदते जा रहे है। एंड्राइड स्मार्टफोन का इस्तेमाल करने वाले काफी लोगो को नहीं पता है की एंड्राइड गूगल का ऑपरेटिंग सिस्टम है और एंड्राइड के साथ गूगल के काफी सारे फीचर्स आते है जिनका यूजर्स इस्तेमाल करना नहीं जानते है। गूगल कॉन्टेक्ट्स भी इनमे से एक ऐसा फीचर है, जिसका इस्तेमाल लोग नहीं जानते है।

 

कांटेक्ट नंबर सेव करते समय Storage Path को सेलेक्ट करना

स्टोरेज पथ उस जगह को कहते है जहा आप कांटेक्ट नंबर सेव करते है। लोग अक्सर स्टोरेज पथ या तो फ़ोन मेमोरी सेलेक्ट करते है, या फिर सेकेंडरी मेमोरी (मेमोरी कार्ड) सेलेक्ट करते है। कुछ लोग तो डिफ़ॉल्ट मेमोरी ही रहने देते है जो अधिकतर समय फ़ोन मेमोरी ही होती है।

ऐसा करने से क्या होता है ?

  1. ऐसा करने से अभी के लिए ठीक है पर जब आप बदलती टेक्नोलॉजी के साथ नया स्मार्टफोन खरीदते है तो आपको सारे कॉन्टेक्ट्स को उस नए मोबाइल में ट्रांसफर करने में समय लगता है या फिर कठिनाई होती है।
  2. अगर आपके मोबाइल की बैटरी ख़तम हो गयी है, तो आप किसी और के मोबाइल से कॉल नहीं कर सकते क्यों की जिस नंबर पर आपको कॉल करना था वो आपको याद नहीं है, कांटेक्ट नंबर आपके मोबाइल में सेव किया हुवा है पर आपका मोबाइल स्विच ऑफ़ है।
  3. अगर आपका मोबाइल कभी गुम या चोरी हो जाता है, तो साथ में आपके सभी कांटेक्ट नंबर भी चले जायेंगे।

क्या करे?

जब भी आप कांटेक्ट नंबर सेव करे तो स्टोरेज पथ जरूर चेक करे जो बाय डिफ़ॉल्ट फ़ोन स्टोरेज होता है। अगर बाय डिफ़ॉल्ट फ़ोन स्टोरेज आ रहा है, तो उसे बदल कर आपकी जीमेल करे। ऐसा करने से आपके कांटेक्ट नंबर जीमेल में सेव होना शुरू हो जायेंगे। आपके कांटेक्ट जीमेल और फ़ोन दोनों में रहेंगे। जब भी आप नया मोबाइल लेंगे तो उसमे भी यही जीमेल आई डी इस्तेमाल कीजिये, इससे इस मोबाइल के सारे कांटेक्ट आपके नए मोबाइल में आ जायेंगे। अगर आपके पास दो एंड्राइड फ़ोन है तो आप किसी एक फ़ोन में कांटेक्ट नंबर सेव करे, दूसरे फ़ोन में अपने से सेव हो जायेंगे। कभी आपका मोबाइल बंद हो जाता है तो आप किसी और के मोबाइल के इंटरनेट ब्राउज़र में गूगल कॉन्टेक्ट्स में जाकर अपने कॉन्टैक्स का इस्तेमाल कर सकते है।

गूगल कॉन्टेक्ट्स मैनेजमेंट में अन्य जानकारिया भी सेव कर सकते है।

गूगल कांटेक्ट में आप कांटेक्ट नंबर के अलावा एड्रेस, प्रोफाइल पिक्चर, ईमेल एड्रेस, कंपनी डिटेल, रिलेशनशिप, निकनेम, वेबसाइट एड्रेस, बर्थडे और नोट्स जैसे इनफार्मेशन सेव कर सकते है। इस सभी इनफार्मेशन की हेल्प से आप कॉन्टेक्ट्स को अलग अलग केटेगरी में ग्रुप बना सकते है। गूगल कांटेक्ट मैनेजमेंट एक गूगल का टूल है जिसे आप कंप्यूटर या मोबाइल में इस्तेमाल कर सकते है, जिसके जरिये आप अपने कॉन्टेक्ट्स को मैनेज कर सकते है। गूगल कांटेक्ट मैनेजमेंट एक फ्री सर्विस है।

बिना मोबाइल के भी कर सकते है कांटेक्ट नंबर सेव

गूगल में कांटेक्ट सेव करने का एक फायदा ये भी है आप गूगल के कांटेक्ट बिना मोबाइल के मैनेज कर सकते है। मैनेज करने के अलावा आप गूगल कॉन्टेक्ट्स मैनेजमेंट के जरिये आप कॉन्टेक्ट्स को बिना मोबाइल के कंप्यूटर के जरिये सेव कर सकते है।

डुप्लीकेट नंबर एक साथ डिलीट करे

एक ही नंबर दो बार अलग अलग नाम से सेव हो रखे हो तो confusion बढ़ती है। गूगल कांटेक्ट मैनेजमेंट टूल आपके डुप्लीकेट कांटेक्ट को सर्च करता है और आपको दिखाता है, आप उन कांटेक्ट नंबर को डिलीट कर सकते है।

गूगल कांटेक्ट एक फ्री फीचर है जिसे जरूर इस्तेमाल करना चाहिए, इसके इस्तेमाल से आपका काफी समय बचता है, आपकी मेमोरी भी बचती है। लोगो को कभी मोबाइल रिस्टोर करने करने की जरुरत पड़ती है तो सबसे ज्यादा इसी बात की चिंता होती है की हमारे सारे कॉन्टेक्ट्स डिलीट हो जायेंगे। आप अपने सारे कांटेक्ट गूगल में सेव करे और चिंता मुक्त हो जाये आप जब चाहे, जितनी बार चाहे अपने मोबाइल को फॉर्मेट करे आपके कांटेक्ट सेव रहेंगे।

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